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इलाहाबाद

प्रयागराज/ LPG संचालित स्कूली वाहनों और डीजल आॅटो पर नकेल कसने की तैयारी, जानिए यातायात के जारी निर्देश

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उत्तर प्रदेश के प्रयागराज मंडल में अगर कोई LPG से चलने वाला स्कूल वाहन बच्चों को ले जाता दिखा तो उसकी खैर नहीं। शहर में डीजल से संचालित आॅटो चालकों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी। स्कूली वाहनों और आॅटो के संचालन संबंधित ये निर्देश बुधवार को मण्डल स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति में लिया गया।

गांधी सभागार में आयोजित बैठक की अध्यक्षता कर रहे मण्डलायुक्त रमेश कुमार ने स्कूलों के खुलने पर स्कूली वाहनों के लिए निर्धारित किए गये मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराये जाने का निर्देश दिया। बैठक में यह भी कहा गया कि किसी भी दशा में LPG से स्कूली वाहन न चलने पाये।

मण्डलायुक्त ने स्कूलों के खुलने से पहले ही स्कूल प्रबंधकों, पैरेंट्स तथा अन्य सम्बंधित लोगों के साथ कार्यशाला आयोजित कर सुरक्षा के मानको के बारे में प्रशिक्षित कराये जाने का निर्देश परिवहन विभाग को दिया है। मण्डलायुक्त ने शहर में डीजल से चलने वाले आॅटो के विरूद्ध अभियान चलाकर ऐसे वाहनों को रोके जाने का निर्देश दिया है।

नये यमुना पुल के पास अधिक मात्रा में बस तथा आॅटो खड़े होने के कारण आवागमन में होने वाले व्यवधान की समस्या का निस्तारण किए जाने का भी निर्देश दिया है। इस दौरान उन्होंने मुख्य मार्गों पर चिन्हित ब्लैक स्पाट स्थानों पर आवश्यकतानुसार स्पीड ब्रेकर बनाये जाने एवं संकेतक बोर्ड लगाये जाने का निर्देश दिया है।

उन्होंने ये भी निर्देशित किया कि किसी स्थान पर यदि एक से अधिक बार दुर्घटना होती है तो वहां पर सड़क सुरक्षा समिति से सम्बंधित अधिकारीगण भ्रमण कर दुर्घटना के कारणों के बारे में अध्ययन करते हुए उस स्थान पर दुर्घटना को रोकने के सम्बंध में आवश्यक कदम उठाये जाने के लिए कहा है।

उन्होंने राजमार्गों पर दस-दस किलो मीटर के अंतराल पर हेल्प लाइन नम्बर, कितनी दूरी पर पेट्रोल पम्प स्थित है तथा अन्य आवश्यक जानकारियों से सम्बंधित बोर्ड लगाये जाने का निर्देश दिया है। मण्डलायुक्त ने अभियान चलाकर अनधिकृत रूप से चलने वाले वाहनों एवं ओवरलोड वाहनों के विरूद्ध चेकिंग की कार्रवाई किये जाने का निर्देश दिया है।

उन्होंने ओवरलोडिंग में क्रेसर मालिको सहित अन्य सम्बंधित लोगो के विरूद्ध भी कार्रवाई किये जाने का निर्देश दिया है। बैठक में मुख्य मार्गों तथा राजमार्गों से मिलने वाले लिंक मार्गों पर होने वाली दुर्घटनाओं को रोके जाने के बारे में भी पीडब्लूडी तथा एनएचआई को आवश्यक कार्रवाई किये जाने का निर्देश दिया गया है।

कहा गया कि लिंक मार्गों को इस तरह से बनाया जाये कि मुख्य मार्गों से उनका संपर्क सीधे न होकर घुमावदार ढंग से किया जाये तथा ऐसे स्थानों पर संकेतक भी लगाये जाये। बैठक में पुलिस महानिरीक्षक केपी सिंह ने कहा कि लापरवाही पूर्वक या नशा करके वाहन चलाने वाले चालकों के विरूद्ध चेकिंग की कार्रवाई कर दोषी पाये जाने पर ऐसे वाहन चालको का लाइसेंस निरस्त करने की कार्रवाई की जाये।

उन्होंने कहा कि दुर्घटना के कारणों के बारे में भी अध्ययन किया जाना चाहिए कि किस कारण से या किसकी गलती से दुर्घटना घटी, जिससे कि ऐसे लोगो के विरूद्ध भी कार्रवाई हो सके। उन्होंने ब्लैक स्पाॅट स्थानों के नजदीक एम्बुलेंस की भी व्यवस्था सुनिश्चित किये जाने के लिए कहा, जिससे कि दुर्घटना घटित होने पर तत्काल पीड़ितों को अस्पताल पहुंचाकर उनका उपचार समय से किया जा सके।

शहर में चलने वाले टैम्पों तथा ई-रिक्शा को निरंतर सैनेटाइज कराये जाने के लिए भी कहा गया है। इस अवसर पर अपर आयुक्त भगवान शरण, अपर निदेशक स्वास्थ्य, एसपी टैªफिक, सम्भागीय परिवहन अधिकारी, पीडब्लूडी सहित अन्य सम्बंधित विभागों के अधिकारीगण उपस्थित रहे।

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